Jaya Kishoriji's Official 

बहुत ही कम उम्र में जया किशोरी जी ने दुनिया को ये दिखा दिया की भगवान कहीं न कहीं हमारे साथ हैं, जया किशोरी जी के घर में माता जी पिता जी, दादा जी, दादी जी, नाना-नानी जी हैं और उनके आशीर्वाद से आज जया पूरे भारत में भगवान का नाम, भगवान की आस्था बाँट रही हैं.

पूज्य जया जी की उम्र बहुत ही कम हैं| जिस उम्र में किताब के पन्नो को पलटना चाहिए विद्यार्थी जीवन जीना चाहिए उस उम्र में जया ने भगवत गीता जी और अन्य नानी बाई का मायरो. नरसी का भात, जैसी कथाएँ दुनिया को सुनाई हैं.

ऐसा नहीं है की कथा के चलते जया जी ने पढाई छोड़ दी है वे आज भी समय निकाल कर पढ़ाई करती है| उन्होंने अपनी B.COM की पढाई पूरी कर ली है.

जया के आगे की पढाई की जानकरी नहीं है, जया किशोरी बहुत ही सुन्दर हैं दिल से, रंग रूप से, मन से और वाणी से, वे अपने पिता को अपना बहुत प्यार करती है, उनकी छोटी बहन हैं जो अभी पढ़ाई कर रही है और उनकी वाणी भी बहुत मधुर है.
जया किशोरी की कथाजया किशोरी के भजन सुनने के लिए लाखों की मात्रा में भक्तगण आते हैं, जया किशोरी की वाणी बहुत मधुर हैं और जिस कारण उनकी कई एल्बम आयीं हैं और गीत जो की YouTube.com पर मिल जाएँगी.

 

जया किशोरी के बारे में जानकारी 

जया कोई साधु या संत नहीं हैं वे केवल एक साधारण स्त्री है| वे एक कथावाचक भजन गायिका है.

जया किशोरी का जन्म राजस्थान के सुजानगढ़ गाँव में हुआ है वे एक गौड़ ब्रह्माण्ड परिवार में जन्मी है, जन्म के उपरांत ही बताया गया था की उनका जन्म चन्द्रवंश में हुआ है जो की बहुत ही किस्मत वालों को ऐसा अवसर प्राप्त होता है.

जया ने कोलकाता के स्कूल महादेवी बिडला वर्ल्ड एकेडमी से स्कूली पढाई पूरी की है, जया किशोरी के घर में शुरू से ही भक्ति का माहौल रहा है.

जब वे केवल 6 साल की थी तब से भगवान कृष्ण के लिए जन्माष्टमी पर विशेष पूजा करती थी और 6 साल की उम्र में ही भगवान के प्रति उनका लगाव इतना था की वे तभी से श्रीकृष्ण जी को अपना भाई बंधू मित्र सबकुछ मानने लगी.

जया ने 9 साल की उम्र में संस्कृत में लिंगाष्ठ्कम, शिव तांडव स्त्रोतम, रामाष्ठ्कम आदि कई स्त्रोतों को गाना शुरू किया और आज 2018 में भी उनकी मधुर वाणी सुनने को मिल रही है.

जब 10 साल की थी जया ने सुन्दरकाण्ड गाकर लाखों भक्तों के मन में दिलों में जगह बना ली| जया किशोरी अपने घर में भाई बहनों में सबसे बड़ी हैं उनकी एक छोटी बहन है.

जया किशोरी जी के माता पिता को उन पर बहुत गर्व है| जया किशोरी से बहुत कुछ सिखने को मिलता हैं उनकी मधुर वाणी से कथा सुनने का आनंद ही कुछ और हैं.

जया किशोरी का दिल बहुत ही साफ़ है वे छोटे छोटे बच्चो से बहुत प्यार करती हैं.